मस्तूरी में 54 अधिकारियों की टीम ने की कार्रवाई, 2 उपभोक्ता घरेलू कनेक्शन से चला रहे थे कारोबार; मुंगेली में भी 17 मामलों में गड़बड़ी उजागर
बिलासपुर। बिजली चोरी और घरेलू कनेक्शन का व्यावसायिक उपयोग करने वालों के खिलाफ बिजली विभाग ने कार्रवाई तेज कर दी है। मस्तूरी क्षेत्र में 54 अधिकारियों की टीम ने एक साथ कई गांवों में जांच अभियान चलाया। इस दौरान 89 घरों के बिजली कनेक्शन की जांच की गई, जिसमें 25 घरों में सीधे बिजली चोरी पकड़ी गई। वहीं, 2 उपभोक्ता घरेलू कनेक्शन से व्यावसायिक गतिविधियां संचालित करते मिले। विभाग ने संबंधित उपभोक्ताओं के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई शुरू कर दी है।
मस्तूरी में चलाए गए इस अभियान के लिए कोरबा से 5, जांजगीर से 2, बिलासपुर से 7 और रायगढ़ से 1 सतर्कता अधिकारी बुलाए गए थे। इसके अलावा तिफरा जोन के 5 अधिकारियों और 27 सहायक अभियंताओं को भी जांच में लगाया गया। टीम ने रिस्दा, जयरामनगर, गतौरा, दर्रीघाट, पचपेड़ी, चिल्हाटी और मस्तूरी में घर-घर जाकर बिजली कनेक्शनों की जांच की। अभियान में बड़ी संख्या में बिजली चोरी के मामले सामने आने के बाद विभाग ने कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
मुंगेली में भी 17 मामलों में मिली गड़बड़ी
बिजली विभाग ने 22 अक्टूबर को मुंगेली में भी जांच अभियान चलाया था। यहां 77 घरों की जांच में 7 उपभोक्ता सीधे बिजली चोरी करते मिले, जबकि 10 उपभोक्ता घरेलू कनेक्शन का व्यावसायिक उपयोग करते पाए गए। इससे पहले मुंगेली में 40 और लोरमी में 23 लोगों के यहां बिजली चोरी पकड़ी जा चुकी है। अब तखतपुर और कोटा सहित जिले के अन्य क्षेत्रों में भी जांच अभियान चलाने की तैयारी है।
अधिवक्ता संघ के पुराने भवन की बिजली काटी
दूसरी ओर, नेहरू नगर डिवीजन के बिजली विभाग ने अधिवक्ता संघ के पुराने भवन की बिजली काट दी है। भवन पर करीब ₹5 लाख का बिजली बिल बकाया बताया जा रहा है। बकाया राशि जमा नहीं होने के कारण विभाग ने यह कदम उठाया। बिजली कनेक्शन कटने से भवन में संचालित कामकाज प्रभावित हो रहा है।
बिजली विभाग के ग्रामीण क्षेत्र के अधीक्षण यंत्री सुरेश जांगड़े ने बताया कि बिजली चोरी पकड़ने के लिए जिले के बाहर से भी अधिकारियों की टीम बुलाई गई थी। आने वाले दिनों में अलग-अलग क्षेत्रों में जांच अभियान चलाकर बिजली चोरी करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।